स्वतंत्रता का अधिकार

1. छह अधिकारों की रक्षा

 भारतीय संविधान के अनुच्छेद 19 सभी नागरिकों को छह अधिकारों की गारंटी देता है। ये हैं:

  1. वाक् एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता।
  2. शांतिपूर्वक और निरायुध सम्मेलन का अधिकार।
  3. संगम संघ या सहकारी समितियां बनाने का अधिकार।
  4. भारत के राज्यक्षेत्र में सर्वत्र अबाध संचरण का अधिकार ।
  5. भारत के राज्य क्षेत्र के किसी भाग में निर्बाध घूमने और बस जाने या निवास करने का अधिकार।
  6. कोई भी वृत्ति, व्यापार या कारोबार करने का अधिकार।

मूलतः अनुच्छेद 19 में 7 अधिकार थे, लेकिन संपत्ति को खरीदने, अधिग्रहण करने या बेच देने के अधिकार को 1978 में 44वें संशोधन अधिनियम के तहत समाप्त कर दिया गया।

इन छह अधिकारों की रक्षा केवल राज्य के खिलाफ मामले में है न कि निजी मामले में। अर्थात् ये अधिकार केवल नागरिकों और कंपनी के शेयर धारकों के लिए हैं, न कि विदेशी या कानूनी लोगों जैसे कंपनियों या परिषदों के लिए।

राज्य इन छह अधिकारों पर अनुच्छेद 19 में उल्लिखित आधारों पर ‘उचित’ प्रतिबंध लगा सकता है।